IIT गांधीनगर, L&T और C-DAC मिलकर विकसित करेंगे ई-पासपोर्ट के लिए खास चिप!

IIT गांधीनगर, L&T और C-DAC मिलकर विकसित करेंगे ई-पासपोर्ट के लिए खास चिप!

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इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (IIT) गांधीनगर, L&T सेमीकंडक्टर टेक्नोलॉजीज और सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ एडवांस्ड कंप्यूटिंग (C-DAC) मिलकर एक पूरी तरह देशी सुरक्षित चिप विकसित करेंगे। प्रारंभिक फोकस इलेक्ट्रॉनिक पासपोर्ट (e-Passport) पर होगा।

पूरी तरह भारतीय तकनीक

इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य एक ऐसा उत्पाद बनाना है, जिसकी सभी बौद्धिक संपत्तियां भारत में ही हों। यह कदम ‘Make in India’ अभियान को और मजबूती देगा और विदेशों में भरोसेमंद तकनीक के रूप में भारत की पहचान को मजबूत करेगा।

प्रारंभिक चरण में ई-पासपोर्ट के लिए विकसित यह सुरक्षित चिप भविष्य में अगली पीढ़ी के क्रिप्टोग्राफिक उत्पादों का आधार भी बनेगी। इससे न केवल ई-पासपोर्ट बल्कि अन्य एडवांस्ड एम्बेडेड सिक्योर एप्लिकेशन में भी इसका उपयोग संभव होगा। तीनों संस्थान अनुसंधान और विकास में सहयोग करेंगे। उनका कहना है कि “हमारी संयुक्त क्षमताओं का लाभ उठाकर हम पूरी तरह भारत में बने समाधान देंगे, जैसे कि सुरक्षित ई-पासपोर्ट, जिस पर दुनिया भरोसा कर सके।”

यह पहल भारत की तकनीकी आत्मनिर्भरता को बढ़ाने के साथ-साथ सुरक्षित डिजिटल पहचान और पासपोर्ट प्रौद्योगिकी में वैश्विक मानकों के अनुरूप देशी समाधान पेश करने का एक निर्णायक कदम है। इस चिप का विकास न केवल राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह भारतीय सेमीकंडक्टर और साइबर सुरक्षा उद्योग के लिए भी नए अवसर खोलेगा।

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