बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार(17 अप्रैल) को पटना में आयोजित एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान इस्लामी जालीदार टोपी पहनने से इनकार कर दिया। यह कार्यक्रम उनके मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद अभिनंदन के लिए आयोजित किया गया था, जहां बड़ी संख्या में समर्थक और पार्टी कार्यकर्ता उन्हें बधाई देने पहुंचे थे।
कार्यक्रम के दौरान मुस्लिम समुदाय के एक बुजुर्ग कार्यकर्ता ने मुख्यमंत्री को बधाई देते हुए उन्हें जालीदार टोपी पहनाने की कोशिश की। इस पर मुख्यमंत्री ने विनम्रता से उन्हें रोक दिया, कैप को अपने हाथ में लिया और बाद में उसे अपने सुरक्षा कर्मियों को सौंप दिया। हालांकि, इसी कार्यकर्ता द्वारा भेंट की गई शॉल को उन्होंने मुस्कुराते हुए स्वीकार किया और उसे पहन लिया।
मुख्यमंत्री बनने के बाद सम्राट चौधरी लगातार लोगों और पार्टी कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर रहे हैं, जो उन्हें नए पद की जिम्मेदारी मिलने पर शुभकामनाएं देने पहुंच रहे हैं। इस घटना ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों का ध्यान आकर्षित किया, हालांकि इस पर आधिकारिक तौर पर कोई विस्तृत टिप्पणी सामने नहीं आई है।
Bihar CM, Samrat Choudhary refused to wear Muslim cap.
— Kreately.in (@KreatelyMedia) April 17, 2026
गौरतलब है कि उनके पूर्ववर्ती मुख्यमंत्री नितीश कुमार कई मौकों पर जालीदार टोपी पहनते हुए देखे गए हैं। हालांकि अगस्त 2025 में पटना के बापू ऑडिटोरियम में आयोजित मदरसा एजुकेशन बोर्ड के शताब्दी समारोह के दौरान, जब तत्कालीन मंत्री ज़मा खान ने उन्हें कैप पहनाने का प्रयास किया था, तब उन्होंने मुस्कुराते हुए वह कैप ज़मा खान को ही दे दी थी, जबकि शॉल को स्वीकार किया था। वहीं, ईद जैसे अवसरों पर नितीश कुमार को जालीदार टोपी पहने भी देखा गया है।
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