27.9 C
Mumbai
Tuesday, June 23, 2026
होमन्यूज़ अपडेटमेधा पाटकर गैर-जमानती वारंट पर गिरफ्तार !

मेधा पाटकर गैर-जमानती वारंट पर गिरफ्तार !

सजा के पालन को टालना शुरू किया और अदालत में पेश नहीं हुईं, तो कोर्ट ने सख्ती दिखाते हुए पुलिस को गैर-जमानती वारंट के तहत उन्हें गिरफ्तार करने का निर्देश दे दिया।

Google News Follow

Related

नर्मदा बचाओ आंदोलन में चर्चित नेता मेधा पाटकर को शुक्रवार(25 अप्रैल) को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। यह गिरफ्तारी उसके खिलाफ दर्ज एक आपराधिक मानहानि (डिफेमेशन) के मामले में हुई, जिसमें अदालत ने पहले ही गैर-जमानती वारंट जारी किया था। मामला दो दशक पुराना है, लेकिन न्यायिक प्रक्रिया की अवहेलना के चलते अब कानूनी शिकंजा कस गया है।

साकेत कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश विशाल सिंह ने पाटकर की अनुपस्थिति और अदालत के आदेशों की अवहेलना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस को उन्हें गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने का आदेश दिया था। न्यायाधीश ने टिप्पणी की थी कि मेधा पाटकर “जानबूझकर न्यायिक प्रक्रिया से बच रही हैं” और “अदालत के निर्देशों का पालन नहीं कर रही हैं।”

यह मामला दिल्ली के मौजूदा उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना द्वारा 2001 में दर्ज कराया गया था, जब वे ‘नेशनल काउंसिल फॉर सिविल लिबर्टीज’ नामक एनजीओ के प्रमुख थे। सक्सेना ने आरोप लगाया था कि 25 नवंबर 2000 को जारी एक प्रेस नोट में मेधा पाटकर ने उन्हें “कायर”, “देशद्रोही” और हवाला लेनदेन में शामिल बताया था। कोर्ट ने इस बयान को “जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण” माना और इसे विनय सक्सेना की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाने वाला करार दिया।

पिछले वर्ष मजिस्ट्रेट कोर्ट ने पाटकर को दोषी ठहराते हुए पांच महीने की कैद और 10 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। हालांकि, उन्होंने इस फैसले के खिलाफ अपील की और उन्हें अस्थायी राहत मिली थी। मगर अब जब उन्होंने सजा के पालन को टालना शुरू किया और अदालत में पेश नहीं हुईं, तो कोर्ट ने सख्ती दिखाते हुए पुलिस को गैर-जमानती वारंट के तहत उन्हें गिरफ्तार करने का निर्देश दे दिया।

पुलिस ने शुक्रवार सुबह उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इस मामले की अगली सुनवाई 3 मई को होनी है। अदालत के अनुसार अब “दबाव का सहारा लेना अनिवार्य हो गया है।” यह घटना दर्शाती है कि चाहे कितनी भी बड़ी हस्ती क्यों न हो, न्यायिक आदेशों की अनदेखी का परिणाम अंततः कानून के कठघरे में ही भुगतना पड़ता है।

यह भी पढ़ें:

चार घंटे में फट पड़ा पाकिस्तान का झूठ, भारत ने सिंधु जल संधि निलंबन का दिया दस्तावेजी जवाब!

महाराष्ट्र सरकार का रेस्क्यू मिशन: 500 से ज़्यादा पर्यटक सुरक्षित लौटे, तीसरी विशेष उड़ान आज

National Stock Exchange

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Star Housing Finance Limited

हमें फॉलो करें

151,283फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
317,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें