उनके मुताबिक, आज की तारीख में जिस गति से आबादी बढ़ रही है, उसे देखते हुए हमारे लिए यह समझना जरूरी हो जाता है कि क्या यह बुनियादी विकास मौजूदा जनसंख्या के लिए पर्याप्त होगा। अगर नहीं होता तो हमें यह समझना होगा कि आगामी दिनों में हमें क्या कुछ कदम उठाना होगा।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकसित भारत के सपने को साकार करने के लिए जो मियाद तय की है, हम उस मियाद तक अपने लक्ष्य को प्राप्त करने में सफल रहेंगे। इस दिशा में हमारी तरफ से पूरी कोशिश की जा रही है। हर प्रकार का योगदान हमारी ओर से दिया जा रहा है।
इसके अलावा, उन्होंने नक्सलवाद का भी जिक्र किया। केंद्रीय मंत्री के मुताबिक, एक तरफ जहां नक्सलवाद का खात्मा हो चुका है, तो वहीं दूसरी तरफ से आज प्रधानमंत्री की ओर से दिमागी नक्सलियों का भी जिक्र किया गया है। ये वो लोग हैं, जो समाज में अराजकता फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। ये वो लोग हैं, जो विकसित भारत के सपने को साकार होता हुआ नहीं देख सकते हैं।
उन्होंने कहा कि बहुत मुमकिन है कि हमारे देश में ऐसे लोग मौजूद हो, जो अराजकता फैलाने की कोशिश करें। हमें ऐसे लोगों को चिन्हित करना होगा, क्योंकि यही लोग विकास के पथ पर बाधा पैदा करने की कोशिश करते हैं। ऐसी स्थिति में ऐसे लोगों की पहचान करना जरूरी हो जाता है। कुल मिलाकर प्रधानमंत्री ने देश की जनता को ऐसे सभी लोगों से सतर्क रहने का संदेश दिया है।



